विलोम शब्द किसे कहते हैं? (Vilom Shabd In Hindi)

Vilom shabd kise kahate hain

विलोम किसे कहते हैं (vilom shabd kise kahate hain)

विलोम शब्द की परिभाषा -- हिन्दी साहित्य के शब्द विज्ञान में एक भाव के ठीक उल्टे भाव या बिल्कुल विरोधी भाव को व्यक्त करने के लिए प्रयुक्त शब्द को विलोम या विपरीतार्थक शब्द कहा जाता है।
अथवा
किसी शब्द का विलोम या विपरीत अर्थ बतलाने वाले शब्द को विलोमार्थक या विपरीतार्थक शब्द कहते हैं

विलोम शब्दों की रचना में चार आधार कार्य करते 

(1). बनावट या रूप के आधार पर। जैसे -- 
अंधेरा -- उजाला
सुख -- दुख
दिन -- रात
सुबह -- शाम आदि।

(2). प्रत्यय लगाकर --- ई , ता , त्व , आई आदि प्रत्यय के लगने से शब्द नया या विपरीत अर्थ देने लगते हैं। जैसे -- 
लड़का -- लड़की
नर -- नारी
शेर -- शेरनी (ई प्रत्यय)। 

(3). युग्म प्रयोग द्वारा। जैसे --
अच्छा -- बुरा
हार -- जीत
पाप -- पुण्य आदि।

(4). उपसर्ग लगाकर --- 'अ' या अन उपसर्ग लगाकर भी विलोम शब्दों की रचना की जाती है। जैसे --
अनभिज्ञ , अनादर , अनाहत , अप्रसन्न आदि। इसके अतिरिक्त प्र , परा , नरि , निस , दुर , इस , अप , दान आदि उपसर्ग भी विलोम शब्दों के निर्माण में सहायक होते हैं।


शब्द विलोम की सूची (Opposite words In Hindi)

अंगीकार  ---  इनकार
अंत  ---  आदि
अंतर ---  सतत
अंतर्द्वद्व  ---  बहिर्द्वद्व
अंतरंग  ---  बहिरंग
अंतर्मुख  ---  बहिर्मुख
अंधकार  ---  प्रकाश
अकाम  ---  सुकाम
अकाल  ---  सुकाल
अग्र  ---  पश्चात्
अग्रज  ---  अनुज
अगम  ---  सुगम
अगला  ---  पिछला
अग्नि  ---  जल


अघ  ---  अनघ
अचल  ---  चल
अज्ञ  ---  विज्ञ
अति  ---  अल्प
अतिवृष्टि  ---  अनावृष्टि
अत्यधिक  ---  अत्यल्प
अनाथ  ---  सनाथ
अनुकूल  ---  प्रतिकूल
अनुग्रह  ---  विग्रह
अनुरक्त  ---  विरक्त
अनुरक्ति  ---  विरक्ति
अनुराग  ---  विराग
अनुलोम  ---  प्रतिलोम
अनय  ---  नय
अतिरिक्त  ---  अनतिरिक्त
अपना  ---  पराया
अपमान  ---  सम्मान
अर्पण  ---  ग्रहण
अर्पित  ---  गृहीत
अपेक्षा  ---  उपेक्षा
अभ्यास  ---  अनभ्यास
अभिज्ञ  ---  अनभिज्ञ
अमर  ---  मर्त्य
अमावस्या  ---  पूर्णिमा
अमृत  ---  विष
अर्जन  ---  वर्जन
अरुचि  ---  रुचि
अलभ्य  ---  लभ्य
अथ  ---  इति
अर्थ  ---  अनर्थ
अर्थी  ---  प्रत्यर्थी
अदोष  ---  सदोष
अधः  ---  उपरि
अधम  ---  उत्तम
अधिक  ---  कम
अधिकतम  ---  न्यूनतम
अधिकारी  ---  अनधिकारी
अधित्यका  ---  उपत्यका
अधुनातन  ---  पुरातन
अध्यवसाय  ---  अनध्यवसाय
अनन्त  ---  सांत
अल्प  ---  बहु
अल्पसंख्यक  ---  बहुसंख्यक
अल्पज्ञ  ---  बहुज्ञ
अल्पायु  ---  दीर्घायु
अवकाश  ---  अनवकाश
अवनत  ---  उन्नत
अवनति  ---  उन्नति
अवनि  ---  अंबर
अवरोध  ---  अनवरोध
अश्रु  ---  हास
अस्त  ---  उदय
अस्वस्थ  ---  स्वस्थ
आकर्षण  ---  विकर्षण
आकाश  ---  पाताल
आकीर्ण  ---  विकीर्ण
आकुंचन  ---  प्रसारण
आगत  --- अनागत
आगम  ---  लोप
आग्रह  ---  अनाग्रह
आगामी  ---  विगत
आगे  ---  पीछे
आचार  ---  अनाचार
आजाद  ---  गुलाम
आजादी  ---  गुलामी
आतप  ---  अनातप
आत्मा  ---  परमात्मा
आदत्त  ---  प्रदत्त
आधुनिक  ---  प्राचीन
आना  ---  जाना
आभ्यंतर  ---  बाह्य
आम (साधारण)  ---  खास
आमिष  ---  निरामिष
आय  ---  व्यय
आयात  ---  निर्यात
आरंभ  ---  अंत
आरूढ़  ---  अनारूढ़
आरोह  ---  अवरोह
आलोक  ---  अंधकार
आवर्तन  ---  निवर्तन
आवश्यक  ---  अनावश्यक
आविर्भाव  ---  तिरोभाव
आशा  ---  निराशा
आद्य  ---  अंत्य
आदान  ---  प्रदान
आदि  ---  अनादि , अंत
आदिष्ट  ---  निषिद्ध
आर्द्र  ---  शुष्क
आदृत  ---  अनादृत
आधार  ---  अनाधार , लम्ब
आश्रित  ---  अनाश्रित
आसक्त  ---  अनासक्त
आस्तिक  ---  नास्तिक
आस्था  ---  अनास्था
आहार  ---  अनाहार
आह्वान  ---  विसर्जन
आज्ञा  ---  अवज्ञा
इकट्ठा  ---  अलग
इच्छा  ---  अनिच्छा
इति  ---  अथ
इष्ट  ---  अनिष्ट
इहलोक  ---  परलोक
ईद  ---  मुहर्रम
ईषत्  ---  अलम्
ईश  ---  अनीश
ईश्वर  ---  अनीश्वर
उग्र  ---  सौम्य
उचित  ---  अनुचित
उच्च  ---  निम्न
उत्तम  ---  अनुत्तम , अधम
उत्तरायण  ---  दक्षिणायन
उत्कर्ष  ---  अपकर्ष
उत्तीर्ण  ---  अनुत्तीर्ण
उत्कृष्ट  ---  निकृष्ट
उत्थान  ---  पतन
उत्साह  ---  निरुत्साह
उदय  ---  अस्त
उदयाचल  ---  अस्ताचल
उदात्त  ---  अनुदात्त
उदार  ---  अनुदार
उद्यम  ---  निरुद्यम
उधार  ---  नकद
उद्धत  ---  विनीत
उन्नति  ---  अवनति
उन्मीलन  ---  निमीलन
उन्मुख  ---  विमुख
उन्मूलन  ---  मूलन , रोपण
उपकार  ---  अपकार
उपभुक्त  ---  अनुपभुक्त
उपयुक्त  ---  अनुपयुक्त
उपयोग  ---  दुरुपयोग
उपरि  ---  अधः
उपसर्ग  ---  प्रत्यय
उपस्थिति  ---  अनुपस्थिति
उर्वरा  ---  बंजर
ऊँच  ---  नीच
ऋजु  ---  कुटिल , वक्र
ऋत  ---  अनृत
एकता  ---  अनेकता
एकत्र  ---  विकीर्ण
एकतंत्र  ---  बहुतंत्र
एकमुखी  ---  बहुमुखी
एकेश्वरवाद  ---  बहुदेववाद
एड़ी  ---  चोटी
ऐतिहासिक  ---  अनैतिहासिक
ऐश्वर्य  ---  अनैश्वर्य
ऐक्य  ---  अनैक्य
ऐहिक  ---  पारलौकिक
औचित्य  ---  अनौचित्य
कल  ---  आज
कड़वा  ---  मीठा
कटु  ---  मधु
कठिन  ---  सरल
कठोर  ---  दयालु
कीर्ति  ---  अपकीर्ति
कृतज्ञ  ---  कृतघ्न
कृत्रिम  ---  प्राकृत
कृष्ण  ---  शुक्ल
कनिष्ठ  ---  ज्येष्ठ
कपट  ---  निष्कपट
कपूत  ---  सपूत
कृपण  ---  उदार , दानी
कर्म  ---  अकर्म
कर्मण्य  ---  अकर्मण्य
करुण  ---  निष्करुण , अकरुण
कसूरवार  ---  बेकुसूर
क्रय  ---  विक्रय
क्रेता  ---  विक्रेता
कलुष  ---  निष्कलुष
कायर  ---  निडर
कुटिल  ---  सरल
कुमार्ग  ---  सुमार्ग
कुरूप  ---  सुंदर
कुसुम  ---  वज्र
क्रूर  ---  अक्रूर
कृष्ण  ---  श्वेत
कोप  ---  कृपा
कोमल  ---  कठोर
क्रोध  ---  क्षमा
क्षणिक  ---  शाश्वत
क्षम  ---  अक्षम
क्षमा  ---  दंड
क्षम्य  ---  अक्षम्य
क्षर  ---  अक्षर
क्षुद्र  ---  महत्
खरीद  ---   बिक्री
खल  ---   सज्जन
खाद्य  ---   अखाद्य
खिलना  ---   मुरझाना
खीजना  ---   रीझना
खेद  ---   प्रसन्न
खंडन  ---   मंडन
गगन  ---   धरा
गत  ---   आगत
गणतंत्र  ---   राजतंत्र
गमन  ---   आगमन
गरल  ---   सुधा
गरीब  ---   धनी , अमीर
ग्रस्त  ---   मुक्त
गहरा  ---   छिछला
ज्ञान  ---   अज्ञान
ग्राम्य  ---   नागर
ग्राह्य  ---   त्याज्य
गुण  ---   दोष
गुप्त  ---   प्रकट
गुरु  ---   लघु
गीला  ---   सूखा
गृहस्थ  ---   संन्यासी
गृही  ---   त्यागी , संन्यासी
गेय  ---   अगेय
गोचर  ---   अगोचर
गोरक्षक  ---   गोभक्षक
गौरव  ---   लाघव
घटना  ---   बढ़ना
घर  ---   बाहर
घरेलू  ---   बनैला , वन्य
घात  ---   प्रतिघात
घृणा  ---    प्रेम
चढ़ाव  ---    उतार
चर  ---   अचर
चल  ---   अचल
चाह  ---   अनचाह
चिन्मय  ---   अचिन्मय
चिर  ---   नवीन
चिरंतन  ---   अधुनातन
चेतन  ---   अचेतन
चोर  ---   साधु
चंचल  ---   अचंचल
छाँह  ---   धूप
छली  ---   निश्छल
छूत  ---   अछूत
जटिल  ---   सरल
जड़  ---   चेतन
जन्म  ---   मरण
जय  ---   पराजय
जल्द  ---   देर
जवानी  ---   बुढ़ापा
जागरण  ---   निद्रा  
जाग्रत  ---   सुषुप्त
जागर्ति  ---   सुषुप्ति
जाति  ---   विजाति
जातीय  ---   विजातीय
जाड़ा  ---   गर्मी
जीवन  ---   मृत्यु
जीवित  ---   मृत
जोड़  ---   घटाव
ज्येष्ठ  ---   कनिष्ठ
ज्योति  ---   तम
ज्वार  ---   भाटा
जंगम  ---   स्थावर
झूठ  ---   सच
झोंपड़ी  ---   महल 
तम  ---   आलोक    
तरल  ---   ठोस
तरुण  ---   वृद्ध
तृष्णा  ---   तृप्ति
तानी  ---   भरनी 
ताप  ---   शीत
तामसिक  ---   सात्विक
तारीफ  ---  शिकायत
तिक्त  ---   मधुर
तिमिर  ---   प्रकाश
तीक्ष्ण  ---   कुंठित
तीव्र  ---   मंद
तुकांत  ---   अतुकांत
तुच्छ  ---   महान्
त्याज्य  ---   ग्राह्य
थोक  ---   खुदरा
थोड़ा  ---   बहुत
दक्षिण  ---   वाम
दिन  ---   रात
दिवा  ---   रात्रि
दीर्घकाय  ---   कृशकाय
दृढ़  ---   अदृढ़
दृश्य  ---   अदृश्य
दुर्जन  ---   सज्जन
दुराचारी  ---   सदाचारी
दुर्दात  ---   शांत
दुर्बल  ---   सबल
दुर्लभ  ---   सुलभ
दुःशील  ---   सुशील
दूषित  ---   अदूषित
देय  ---   अदेय
धृष्ट  ---   अधृष्ट
धनी  ---   निर्धन
धर्म  ---   अधर्म
धरा  ---   गगन
धुप  ---   छाँह
ध्वंस  ---   निर्माण
देवं  ---   दानव
दोष  ---   गुण
नकली  ---   असली
नख  ---   शिख
नगर  ---   ग्राम
नमकहलाल  ---   नमकहराम
नया  ---   पुराना 
नर  ---   नारी
नवीन  ---   प्राचीन
नश्वर  ---   शाश्वत
नागरिक  ---   ग्रामीण
नास्तिक  ---   आस्तिक
निगलना  ---   उगलना
निर्दय  ---   सदय
निर्दोष  ---   सदोष
नित्य  ---   अनित्य
निन्दा  ---   स्तुति, प्रशंसा
निद्रा  ---   अनिद्रा, जागरण
निंद्य  ---   वंद्य 
निषिद्ध  ---   अनिषिद्ध
निर्जीव  ---   सजीव
निर्मल  ---   अनिर्मल, मलिन
निर्माण  ---   ध्वंस
निरर्थक  ---   सार्थक
निरक्षर  ---   साक्षर
निरामिष  ---   सामिष
निर्लज्ज  ---   सलज्ज
निश्चेष्ट  ---   सचेष्ट
निषेध  ---   विधि
निष्काम  ---   सकाम
नूतन  ---   पुरातन
नेकी  ---   बदी
नैसर्गिक  ---   कृत्रिम
न्याय  ---   अन्याय
न्यून  ---   अन्यून, अधिक 
प्रकाश  ---   अंधकार
प्रख्यात  ---   अख्यात
प्रतीची  ---   प्राची
प्रज्ञ  ---   अज्ञ
प्रतिकूल  ---   अनुकूल
प्रत्यक्ष  ---   परोक्ष
प्रधान  ---   गौण
प्रफुल्ल  ---   म्लान
प्रमुख  ---   सामान्य
प्रयोग  ---   अप्रयोग
प्रलय  ---   सृष्टि
प्रवृत्ति  ---   निवृत्ति
प्रशंसा  ---   निन्दा
प्रकट  ---   गुप्त
प्रसाद  ---   विषाद
प्रसारण  ---   संकुचन
प्राकृतिक  ---   कृत्रिम
प्राचीन  ---   अर्वाचीन
प्रारंभिक  ---   अंतिम
प्रेम  ---   घृणा
पक्ष  ---   विपक्ष
पतन  ---   उत्थान
पतनोन्मुख  ---   विकासोन्मुख
पंडित  ---   मूर्ख
परतंत्र  ---   स्वतंत्र
परमार्थ  ---   स्वार्थ
पराजय  ---   जय
पराया  ---   अपना
परूष  ---   कोमल
परार्थ  ---   स्वार्थ
पता  ---   खोज
परिश्रम  ---   विश्राम
पवित्र  ---   अपवित्र
पात्र  ---   अपात्र
पानी  ---   आग
पाप  ---   पुण्य
पालक  ---   संहारक
पाश्चात्य  ---   पौरस्त्य
पुरस्कार  ---   दंड
पुरातन  ---   अधुनातन
पुष्ट  ---   अपुष्ट
पूर्व  ---   उत्तर, पश्चिम 
पूर्ववत्  ---   नूतनवत्
पूर्ववर्ती  ---   उत्तरवर्ती
पूर्णता  ---   अपूर्णता
पूर्णिमा  ---   अमावस्या
फलदायक  ---   निष्फल
फायदा  ---   नुकसान
बच्चा  ---   बूढ़ा
बढ़िया  ---   घटिया
बद्ध  ---   मुक्त
बंधन  ---   मुक्ति
बर्बर  ---   सभ्य
बलवान्  ---   बलहीन
बहिरंग  ---   अंतरंग
बाढ़  ---   सूखा
बाह्य  ---   आम्यंतर
बुरा  ---   भला
भ्रान्त  ---   अभ्रांत
भारी  ---   हलका
भूगोल  ---   खगोल
भूत  ---   भविष्य
भूलोक  ---   धुलोक
भेद  ---   अभेद
भोगी  ---   योगी
भौतिक  ---   अभौतिक, आध्यात्मिक 
मर्त्य  ---   अमर, अमर्त्य
मंगल  ---   अमंगल
मनुज  ---   दनुज
महात्मा  ---   दुरात्मा
माता  ---   पिता
मान  ---   अपमान
मानव  ---   दानव
मालिक  ---  नौकर
मिलन  ---   विरह
मिहनती  ---   आलसी
मुख  ---   प्रतिमुख, पृष्ठ
मुख्य  ---   गौण
मुनाफा  ---   नुकसान
मूक  ---   वाचाल
मृत  ---   जीवित
मृदुल  ---   कठोर
मोक्ष  ---   अमोक्ष
यथार्थ  ---   कल्पित
यश  ---   अपयश
योग  ---   वियोग
योगी  ---   भोगी
यौवन  ---   वार्धक्य
रंगीन  ---   रंगहीन, बेरंग
रचना  ---   ध्वंस, विनाश
रक्षक  ---   भक्षक
रत  ---   विरत
राग  ---   विराग
रागी  ---   विरागी
राजतंत्र  ---   प्रजातंत्र
राजा  ---   प्रजा, रंक
राम  ---   रावण
राव  ---   रंक
रिक्त  ---   पूर्ण
रूपवान्  ---   कुरूप
लघु  ---   गुरु
लाभ  ---   हानि
लिखित  ---   अलिखित
लिप्त  ---   अलिप्त, निर्लिप्त
लुप्त  ---   प्रकट, व्यक्त
लेन  ---   देन
लौकिक  ---   अलौकिक
वक्र  ---   ऋजु
वन  ---   मरु
वन्य  ---   पालित
वसंत  ---   पतझड़
बहिष्कार  ---   स्वीकार
वाद  ---   प्रतिवाद
विकर्ष  ---   आकर्ष
विजय  ---   पराजय
विधवा  ---   सधवा
विधि  ---   निषेध
विपत्ति  ---   संपत्ति
विपद्  ---   संपद्
विपन्न  ---   सम्पन्न
विमुख  ---   उन्मुख
वियोग  ---   संयोग
विरत  ---   निरत, रत
विरह  ---   मिलन
विवाद  ---   अविवाद
विशालकाय  ---   लघुकाय
विशिष्ट  ---   साधारण
विश्लेषण  ---   संश्लेषण
विश्वास  ---   अविश्वास
विशेष  ---   सामान्य
विष  ---   अमृत
विसर्जन  ---   सर्जन
विस्तार  ---   संक्षेप
विस्तृत  ---   संक्षिप्त
वीर  ---   कायर
वृद्ध  ---   बालक
वृद्धि  ---   हास
वृष्टि  ---   अवृष्टि
वृहत्  ---   लघु
वैतनिक  ---   अवैतनिक
व्यर्थ  ---   अव्यर्थ
व्यावहारिक  ---   अव्यावहारिक
व्यष्टि  ---   समष्टि
शकुन  ---   अपशकुन
शत्रु  ---   मित्र
शयन  ---   जागरण
शरण  ---   अशरण
शांत  ---   अशांत
शांति  ---   अशांति
शासक  ---   शासित
शिव  ---   अशिव
शीत  ---   अशीत
श्यामा  ---   गौरी
श्लील  ---   अश्लील
शुक्ल  ---   कृष्ण
शुचि  ---   अशुचि
शुभ  ---   अशुभ
शुष्क  ---   आर्द्र
श्रृंखला  ---   विशृंखला
श्रव्य  ---   दृश्य
श्रद्धा  ---   अश्रद्धा
श्रांत  ---   अश्रांत
श्रीगणेश  ---   इतिश्री
शोक  ---   हर्ष
शोषक  ---   पोषक
शोषण  ---   पोषण
श्वेत  ---   श्याम
सक्षम  ---   अक्षम
सकर्मक  ---   अकर्मक
सकाम  ---   निष्काम
सखा  ---   शत्रु
सगुण  ---   निर्गुण
सजल  ---   निर्जल
सज्जन  ---   दुर्जन
सजीव  ---   निर्जीव
सत्  ---   असत् 
सत्कार  ---   तिरस्कार
स्तुति  ---   निन्दा
स्तुत्य  ---   निंद्य
स्थावर  ---   जंगम
स्थिर  ---   चंचल
स्थूल  ---   सूक्ष्म
स्मरण  ---   विस्मरण
स्वकीया  ---   परकीया
स्वजाति  ---   विजाति
स्वतंत्रता  ---   परतंत्रता
स्वदेशी  ---   परदेशी, विदेशी
स्वर्ग  ---   नरक
स्वधर्म  ---   परधर्म
स्वप्न  ---   अस्वप्न
स्वल्पायु  ---   चिरायु
स्वाधीन  ---   पराधीन
स्वामी  ---   सेवक
स्वार्थ  ---   परार्थ
स्वीकृत  ---   अस्वीकृत
संकल्प  ---   विकल्प
संकीर्ण  ---   विस्तीर्ण
संकोच  ---   असंकोच, प्रसार
संगत  ---   असंगत
संघटन  ---   विघटन
संत  ---   असंत
संतोष  ---   असंतोष
संधि  ---   विग्रह
संन्यासी  ---   गृहस्थ
संपद्  ---   विपद्
संपन्न  ---   विपन्न
संयोग  ---   वियोग
सत्कर्म  ---   दुष्कर्म
सदय  ---   निर्दय
सदाचार  ---   दुराचार
सदाशय  ---   दुराशय
सत्यवृत  ---   दुर्वृत्त
सद्वृति  ---   दुर्वृत्ति
सनाथ  ---   अनाथ
सपूत  ---   कपूत
सफल  ---   विफल
सबल  ---   दुर्बल
सबाध  ---   निर्बाध
सभ्य  ---   असभ्य
सभय  ---   अभय, निर्भय
सम  ---   विषम
समष्टि  ---   व्यष्टि
समाज  ---   व्यक्ति
समास  ---   व्यास
समूल  ---   निर्मूल
सम्मान  ---   अपमान
सम्मुख  ---   विमुख
सरल  ---   वक्र
सरस  ---   नीरस
सलज्ज  ---   निर्लज्ज
सविकार  ---   निर्विकार
ससीम  ---   असीम
सहज  ---   कठिन, दुष्कर
सहयोगी  ---   असहयोगी
संश्लिष्ट  ---   विश्लिष्ट
साक्षर  ---   निरक्षर
साकार  ---   निराकार
सात्विक  ---   तामसिक
सादर  ---   निरादर
साधु  ---   असाधु
सापेक्ष  ---   निरपेक्ष
सांत  ---   अनंत
सामान्य  ---   असामान्य, विशिष्ट
सामिष  ---   निरामिष
सार  ---   असार
सार्थक  ---   निरर्थक
साला  ---   बहनोई
साहस  ---   भय
सुकर  ---   दुष्कर
सुकर्म  ---   दुष्कर्म
सुकाल  ---   अकाल
सुकृति  ---   दुष्कृति
सुख  ---   दुःख
सुगम  ---   दुर्गम
सुगंध  ---   दुर्गंध
सुदूर  ---  अदूर
सुनाम  ---   दुर्नाम
सुधा  ---   गरल
सुन्दर  ---   असुन्दर, कुरूप
सुपथ  ---   कुपथ
सुपरिणाम  ---   दुष्परिणाम
सुपात्र  ---   कुपात्र
सुबह  ---   शाम
सुबुद्धि  ---   कुबुद्धि
सुभग  ---   दुर्भग
सुमति  ---   कुमति, दुर्मति
सुमार्ग  ---   कुमार्ग
सुलभ  ---   दुर्लभ
सुयश  ---   अयश
सुसंगति  ---   कुसंगति
सुशील  ---   दुश्शील
सूक्ष्म  ---   स्थूल
सूखा  ---   गीला
सृष्टि  ---   प्रलय
सौभाग्य  ---   दुर्भाग्य
सौम्य  ---   असौम्य
स्निग्ध  ---   रुक्ष
हर्ष  ---   विषाद
हँसना  ---   रोना
हार  ---   जीत
हास  ---   रूदन
हिंसा  ---   अहिंसा
हित  ---   अहित


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